गोरखपुर चिड़ियाघर देश का दूसरा चिड़िया घर जहां पेंग्विन होगी मौजूद

ब्यूरो चीफ गोरखपुर

गोरखपुर का शहीद अशफाक उल्ला खां प्राणी उद्यान, पेंग्विन की मौजूदगी वाला देश का दूसरा चिड़ियाघर हो जाएगा। अभी देश में मुम्बई के भायखला स्थित वीरमाता जीजाबाई भोंसले उद्यान और चिड़ियाघर (रानीबाग) ऐसा इकलौता चिड़ियाघर है।

गोरखपुर में पेंग्विन का अधिवास क्षेत्र बनाने के लिए एरिया चिह्नित कर लिया गया है। यहां हम्बोल्ट प्रजाति की पेंग्विन लाने की तैयारी चल रही है।

गोरखपुर को पर्यटन के राष्ट्रीय फलक पर पहचान दिलाने की मुख्यमंत्री योगी की मंशा के अनुरूप तेजी से काम चल रहा है।

इस बाबत वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने ज़ू प्रशासन को दिशानिर्देश दिए हैं।

शहीद अशफाक उल्ला खां प्राणी उद्यान के निरीक्षण के लिए रविवार को आए वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं विभागाध्यक्ष सुनील कुमार पाण्डेय के साथ प्राणी उद्यान परिसर में पेंग्विन को रखे जाने की संभावनाएं तलाश कीं।

प्राणी उद्यान में पेंग्विन एनक्लोजर बनाने के लिए प्रोजेक्ट मैनेजर डीबी सिंह एवं प्राणी उद्यान के निदेशक एच राजा मोहन को स्थान चिह्नित करने के निर्देश दिए।

डीबी सिंह ने वनमंत्री को उद्यान के अंदर संभावित स्थल दिखा भी दिया।

यहां पेंग्विन के अधिवास के लिए केंद्रीय प्राणी उद्यान निदेशालय के मानक के अनुरूप कम से कम 1700 वर्ग फुट का एनक्लोजर बनाया जा सकेगा।

फिलहाल पेंग्विन के एनक्लोजर बनाने एवं रखरखाव पर आने वाले खर्च पर कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम ने अध्ययन शुरू कर दिया है।